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एक अप्रैल से SBI में ATM लेनदेन भी पड़ेगा महंगा, 5 फ्री ट्रांजैक्‍शन के बाद देना होगा 20 रुपए का शुल्‍क

2022-10-01 04:28:15 695

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कपहले मतगणना में लगते थे दो से तीन दिन और मतगणना स्थल के बाहर लगता था 'मेला'****** के इस्तेमाल से न सिर्फ मतदान और मतगणना में लगने वाला समय कम हुआ है, मतगणना के मौके पर आम तौर पर दिखाई देने वाला जोश एवं रोमांच भी सिमट सा गया है। जरा अपनी यादों की किताब के पुराने पन्ने पलटिए और और करीब दो दशक पहले तक के मतगणना स्थल के बाहर के नजारे याद कीजिए जब इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें नहीं आई थीं और न ही का इतना खौफ था।इस लोकसभा चुनाव में पहली बार मतदान करने वाली नई पीढी दो से तीन दिन तक चलने वाली मतगणना के रोमांच से महरूम रह गई।उत्तर प्रदेश के निदेशक सूचना अधिकारी और मतपत्रों से मतगणना कराने का अनुभव रखने वाले आईएएस अधिकारी शिशिर बताते है कि ‘तब, पहले मतपेटियां खुलती थीं, मेजों पर वोट पलटे जाते थे, उनकी गडि्डयां बनती थीं और इसके बाद एक एक वोट की गिनती होती थी। विवादित मतपत्रों की जांच माइक्रोस्कोप से होती थी लेकिन अगर फिर भी इसमें कोई विवाद हो जाता था तो फिर मत अवैध घोषित कर दिया जाता था। उन्होंने कहा कि पहले लोकसभा चुनाव में दो से तीन दिन और नगर निगम चुनाव में तीन दिन से ज्यादा का समय लगता था।राजनीतिक विश्लेषक राजेंद्र द्विवेदी ने कहा कि उन दिनों तीन तीन दिन तक मतगणना का काम होता था और प्रत्येक राउंड के बाद कौन सा प्रत्याशी कितने वोट से आगे है, इसकी घोषणा होती थी और स्थिति हर कुछ घंटे में बदलती रहती थी। चुनाव परिणाम आने पर होली के त्यौहार सा नजारा होता था।’’द्विवेदी कहते है कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन से पूरे देश में एक साथ चुनाव वर्ष 2004 से आरंभ हुआ था। इससे पहले 1998 से 2001 के बीच देश के विभिन्न हिस्सों में कुछ क्षेत्रों में ट्रायल बेसिस पर ईवीएम को आजमाया गया था।पहली बार मतदान करने वाले छात्र शिखर सिन्हा कहते है कि इसके बारे में हमें कोई जानकारी नहीं है, अपने घर वालों से सुना जरूर है कि चुनाव परिणाम आने में दो से तीन दिन लगते थे। अब तो फटाफट का जमाना है ईवीएम से समय बचता है और एक ही दिन में सारा हो हल्ला खत्म हो जाता है।

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कडॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूती, 16 पैसे बढ़कर 73.35 पर बंद******डॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूतीनई दिल्ली। दुनिया भर की प्रमुख करंसी के मुकाबले डॉलर के कमजोर होने और घरेलू शेयर बाजार में तेजी जारी रहने के बीच रुपये में लगातार तीसरे दिन बढ़त देखने को मिली है। सोमवार के कारोबार में डॉलर के मुकाबले रुपये में सुधार देखने को मिला और रुपया 16 पैसे बढ़कर 73.35 के स्तर पर बंद हुई।अंतरबैंक विदेशी विनिमय बाजार में सोमवार के कारोबार में डॉलर के मुकाबले रुपया की दर 73.34 के स्तर पर खुली। दिन के कारोबार के दौरान डॉलर के मुकाबले रुपया गिरावट के साथ 73.76 के स्तर तक पहुंचा। बाजार के बंद होने के समय विनिमय दर ओपनिंग लेवल के करीब ही 73.35 रुपये प्रति डॉलर पर थी। यह रुपये में 16 पैसे की मजूती दर्शाता है। शुक्रवार को डॉलर का बंद भाव 73.51 रुपये था। तीन दिन में रुपये में कुल 56 पैसे की तेजी आई है।इस बीच दुनिया भर की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर की स्थिति को दर्शाने वाला डॉलर सूचकांक 0.09 प्रतिशत घटकर 90.15 रह गया। बंबई शेयर बाजार का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 295.4 अंक की तेजी के साथ 49,502.41 अंक पर बंद हुआ। एक्सचेंज के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक पूंजी बाजार में शुद्ध बिकवाल रहे और उन्होंने शुक्रवार को 1,142.75 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की। खनिज तेल बाजार में ब्रेंट क्रूड वायदा 0.51 प्रतिशत बढ़कर 68.63 डॉलर प्रति बैरल पर चल रहा था।यह भी पढ़ें:एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कउबर पर भारी पड़ेगी अब ओला, सॉफ्टबैंक, टेनसेंट व अन्‍य से हासिल किया दो अरब डॉलर का वित्‍तपोषण****** अमेरिका की एप आधारित टैक्‍सी सेवा प्रदाता उबर को कड़ी टक्‍कर देने के लिए घरेलू कंपनी ओला ने बड़ी तैयारी शुरू कर दी है। इसके तहत उसने जापान के सॉफ्टबैंक ग्रुप, टेनसेंट होल्डिंग्‍स और अन्‍य निवेशकों के समूह से दो अरब डॉलर का वित्‍तपोषण हासिल किया है। इस मामले से सीधे जुड़े एक सूत्र ने बताया कि इस वित्‍तपोषण का कुछ हिस्सा कंपनी को मिल भी चुका है।ओला और उबर के बीच भारतीय बाजार में शीर्ष स्थिति के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा छिड़ी हुई है। दोनों ने ड्राइवरों को प्रोत्साहन तथा यात्रियों को रियायती यात्रा पर लाखों डॉलर खर्च किए हैं।सूत्रों ने बताया कि अभी इस वित्‍तपोषण का दौर पूरा नहीं हुआ है। एक बार इसके पूरा होने पर यह आंकड़ा बदल भी सकता है।सूत्रों ने कहा कि इस बारे में घोषणा अगले कुछ सप्ताह में हो सकती है। ओला और सॉफ्टबैंक ने इस बारे में टिप्पणी से इनकार किया है। टेनसेंट से तत्काल संपर्क नहीं हो पाया।ओला का परिचालन करने वाली एएनआई टेक्नोलॉजीज ने इस साल कई दौर में अच्छा खासा वित्‍तपोषण जुटाया है।ओला के ताजा वित्‍तपोषण के चरण में रतन टाटा और यूनिवर्सिटी ऑफ कैलीफोर्निया की इन्‍वेस्‍टमेंट आर्म द्वारा संयुक्‍तरूप से संचालित वेंचर कैपिटल फंड भी शामिल है।

एक अप्रैल से SBI में ATM लेनदेन भी पड़ेगा महंगा, 5 फ्री ट्रांजैक्‍शन के बाद देना होगा 20 रुपए का शुल्‍क

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कमारुति ने भारतीय रेलवे के जरिये 6.7 लाख कारों का किया परिवहन, मार्च 2014 में भेजी थी पहली खेप******Maruti transports over 6.7 lakh cars through Indian Railways in 6 yrs देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया (एमएसआई) ने बुधवार को बताया कि उसने भारतीय रेलवे के माध्‍यम से पिछले छह सालों में 6.7 लाख कारों का परिवहन किया है। इसमें वार्षिक 18 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। कंपनी ने भारतीय रेलवे के जरिये अपनी पहली खेप डबल5उेकर फ्लेक्‍सी5उेक रैक से मार्च 2014 में भेजी थी। ने अपने एक बयान में कहा कि परिवहन के लिए रेलवे का अधिक उपयोग करने से कंपनी को लगभग 3000 टन कार्बन डाईऑक्‍साइड उत्‍सर्जन को कम करने में मदद मिली है। इसके अलावा 10 करोड़ लीटर जीवाश्‍म ईंधन की भी बचत हुई है। रेलवे से परिवहन करने की वजह से कंपनी ने राष्‍ट्रीय राजमार्गों पर 1 लाख ट्रकों की यात्रा को कम किया है।पिछले वित्‍त वर्ष के दौरान 1.78 लाख से अधिक कारों का परिवहन रेल से किया गया, जो इससे पूर्व वित्‍त वर्ष से 15 प्रतिशत अधिक है। वित्‍त वर्ष के दौरान कंपनी की कुल बिक्री में यह लगभग 12 प्रतिशत हिस्‍सा है। कंपनी के एमडी और सीईओ केनिची अयूकावा ने कहा कि मात्रा में वृद्धि को देखते हुए हमारी टीम को लार्ज स्‍कैल लॉजिस्टिक फॉर्मेट की जरूरत थी। विस्‍तार और जोखिम को कम करने के लिए हम सड़क लॉजिस्टिक के अलावा अन्‍य विकल्‍पों को तलाश रहे थे, जिसमें हमें भारतीय रेलवे सबसे उचित विकल्‍प लगा। हमनें सिंगल-डेक डिब्‍बों के साथ इसकी शुरुआत की, जिसकी क्षमता 125 कारों की थी। इसके बाद डबल-डेकर रैक का उपयोग किया गया, जिसकी क्षमता 265 कारों की है और अभी तक कंपनी 1.4 लाख से अधिक कारों का परिवहन इन रैक के माध्‍यम से कर चुकी है। वर्तमान में कंपनी 27 रैक का उपयोग कर रही है और इन्‍हें 95 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलाया जा सकता है।मारुति सुजुकी देश में पहली ऐसी ऑटो कंपनी है, जिसने ऑटोमोबाइल फ्रेट ट्रेन ऑपरेटर लाइसेंस हासिल किया है। यह लाइसेंस प्राइवेट कंपनी को भारतीय रेलवे के नेटवर्क पर हाई स्‍पीड, हाई कैपेसिटी ऑटो वैगन रैक को चलाने की अनुमति देता है। वर्तमान में कंपनी पांच लोडिंग टर्मिनल्‍स गुरुग्राम, फरुखनगर, कठुआ, पाटली और डेटरोज और 13 डेस्‍टीनेशन टर्मिनल्‍स बेंगलुरु, नागपुर, मुंबई, गुवाहाटी, मुंद्रा पोर्ट, इंदौर, कोलकाता, चेन्‍नई, हैदराबाद, अहमदाबाद, एनसीआर, सिलीगुड़ी और अगरतला का उपयोग कर रही है।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कElectric Scooter की रेस में सेफ्टी हुई फेल, ओला के स्कूटर में आग के बाद विशेषज्ञों ने दी ये चेतवनी******ola scooterHighlightsभारतीय बाजार में ई-स्कूटर धूम मचा रहे हैं। इसके चलते 2021 में, देश में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की बिक्री दो गुना बढ़कर 2,33,971 यूनिट हो गई। लेकिन इसके साथ ही सेफ्टी को लेकर चिंता बढ़ गई है। दरअसल, गर्मी शुरू होने के साथ ही रविवार को ओला समेत एक दूसरी कंपनी की ई-स्कूटर धू-धू कर जल गए। इस घटना के बादऑटो विशेषज्ञों ने ई-स्कूटर कंपनियों पर सेफ्टी के साथ लापरवाही करने का आरोप लगाया है। विशेषज्ञों का कहना है कि ई-स्कूटर की रेस में में स्टार्टअप कंपनियां सेफ्टी को भूल गई है। यह बहुत ही खतरनाक है और इसके बहुत ही बुरे परिणाम आने वाले समय में देखने को मिल सकता है।ऑटो एक्सपर्ट मुराद अली बेग ने इंडिया टीवी को बताया कि ई-वाहन क्षेत्र में अंधी दौड़ शुरू हो गई है। इसकी वजह यह है कि पेट्रोल-डीजल वाहन जैसा इस क्षेत्र के लिए सरकार की ओर से कोई सुरक्षा मानक तय नहीं किया है। इसका फायदा उठाकर नई-नई कंपनियां आ रही हैं और चीन से बैट्ररी, मोटर और दूसरे पार्ट मंगाकर ई-स्कटूर को असेंबल कर भारत में बेचना शुरू कर रही हैं। उनके पास ई-स्कूटर को सुरक्षा मानक जांचने के लिए कोई पैमाना नहीं है। इसका परिणाम अब दिखाई देने लगा है। आने वाले समय में और गंभीर परिणाम भी देखने को मिल सकता है। समय रहते सरकार को इस पर सख्ती बरतने की जरूरत है। ई-वाहन के लिए सुरक्षा मानक तय करने के लिए एक बॉडी का गठन जल्द से जल्द करने की जरूरत है।ओला के ई-स्कूटर में आग लगने के बाद बैट्ररी निर्माता कंपनियों की चिंता बढ़ा दी है। कंपनियों ने बैट्ररी की डिजाइन और कंम्पोनेंट पर फिर से काम करने की बात कही है। कंपनियों का कहना है कि ई-स्कूटर की बैट्ररी को हमेशा ठंडा और कम तापमान में रखने की जरूरत है। वहीं, विशेषज्ञों का कहना है कि दूसरी ओर भारत किफायती स्कूटरों का बाजार है। ऐसे में एक्टिव कूलिंग सिस्टम लगाना मुश्किल है। ऐसे में कंपनियों को बैट्ररी के कंम्पोनेंट में बदलाव करने की जरूरत होगी। अगर, वो ऐसा नहीं करती है तो गर्मी में आग लगने की घटना बढ़ सकती है।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कराजस्थान में कोरोना वायरस के 17 नये मामले, ब्लैक फंगस भी बना हुआ है आफत****** राजस्थान में बृहस्पतिवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 17 नये ममाले सामने आए। चिकित्सा विभाग की ओर से बृहस्पतिवार शाम जारी आंकड़ों के अनुसार, बीते 24 घंटे में राज्य में कोरोना वायरस संक्रमण के 17 नये मामले सामने आये, जिनमें उदयपुर में आठ, जयपुर में तीन मामले शामिल हैं। आंकड़ों के अनुसार, इस घातक संक्रमण से राज्य में अब तक 8953 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, पिछले 24 घंटे के दौरान राज्य में 26 लोग संक्रमण से ठीक हुए हैं। अब राज्य में 259 संक्रमित उपचाराधीन हैं।वहीं, राजस्थान में के साथ ब्लैक फंगस भी एक आफत बना हुआ है। कोरोना की दूसरी लहर के दौरान ब्लैक फंगस के कुल 3,471 मामले सामने आए। पता चला है कि प्रदेश में आए 3,471 मामलों में से 477 ऐसे है, जिनमें कोई भी कोविड हिस्ट्री नहीं थी। पिछले तीन महीनों में दर्ज इन केसेज का यह 14 प्रतिशत है।इस जानकारी के सामने आने के बाद डॉक्टर भी हैरान हैं। वे अब कोविड हिस्ट्री के बिना हुए ब्लैक फंगस के पीछे का कारण जानने की कोशिश कर रहे हैं। डॉक्टर का कहना है कि ब्लैक फंगस एक अवसरवादी संक्रमण है, जो रोगियों की इम्यूनिटी कमजोर होने पर हमला करता है, लेकिन बिना कोविड हिस्ट्री वाले केसों को जानने के लिए गहन अध्ययन किया जाना जरूरी है, तभी किसी निष्कर्ष पर आ सकते हैं।

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एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कKoffee With Karan 7: प्रेगनेंसी की खबरों के बीच करण जौहर के चैट शो के लिए Katrina Kaif ने भरी हामी, अब खुलेंगे सारे राज़******Highlights: बॉलीवुड फिल्ममेकर करण जौहर (Karan Johar) अपने चैट शो 'कॉफी विद करण' (Koffee With Karan) सीज़न 7 के चलते लगातार चर्चा का हिस्सा बने हुए हैं। करण के सवाल लोगों को काफी पसंद आते हैं। फिल्ममेकर अपने सवालों के जरिए फैंस के दिल की बात भी सितारों से पूछ लेते हैं। ऐसे में खबरें है कि कैटरीना कैफ (Katrina Kaif) कॉफी विद करण 7 में नजर आने वाली हैं।मिली जानकारी के अनुसार कैटरीना कैफ अपनी अपकमिंग फिल्म फोन भूत के को-स्टार्स यानी कि सिद्धांत चतुर्वेदी और ईशान खट्टर के साथ शो में शिरकत करेंगी। इस दौरान फिल्म के प्रमोशन के साथ-साथ करण सितारों की ज़िंदोगी से जुड़े अहम सवाल भी पूछेंगे। जिसमें इस वक्त का हॉट टॉपिक है कैटरीना कैफ की प्रेगनेंसी। एक्ट्रेस के फैंस सभी यही जानना चाहते हैं कि क्या मिसेज़ कौशल सच में मां बनने वाली हैं। या फिर से महज़ अफवाह है।ऑडियंस पूरी-पूरी उम्मीद लगाए बैठी है कि करण जौहर जो सभी के पर्सनल लाइफ से लेकर सेक्स लाइफ पर भी सवाल कर लेते हैं, वो इस कैटरीना से उनकी प्रेगनेंसी को लेकर जरूर सवाल करेंगे। लंबे वक्त से कैटरीना कैफ किसी भी इवेंट या पार्टी में नज़र नहीं आ रही हैं। ऐसे में सभी ने उम्मीद लगाई थी कि कैटरीना अपने बर्थडे पर इस राज से पर्दा उठा देंगी। कैटरीना ने बर्थडे तो जमकर सेलिब्रेट किया लेकिन अपने खास दिन पर भी अनाउंसमेंट नहीं की।करण जौहर ने अब तक शो में आने वाले हर सेलेब्स से उनकी सेक्स लाइफ पर एक सवाल तो ज़रूर ही किया है। ऐसे में जिस सवाल का जवाब पूरा देश जानना चाहता है, उसे करण पूछेंगे या नहीं। ये तो आने वाले एपीसोड में ही पता चलेगा। वर्कफ्रंट की बात करें तो कैटरीना जल्द ही फोन भूत में नजर आएंगी। इसके अलावा वह टाइगर 3 और मेरी क्रिसमस में नजर आएंगी।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍ककिसान कानून वापसी पर संयुक्त किसान मोर्चा की प्रतिक्रिया, PM मोदी के फैसले का किया स्वागत******Highlights 3 कृषि कानूनों के विरोध में अलग अलग किसान संगठनों के मोर्चे, संयुक्त किसान मोर्चा ने 3 को वापसलिए जाने के फैसले का स्वागत किया है। संयुक्त किसान मोर्चा ने बयान जारी कर रहा है कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्णय का स्वागत करते हैं और जब संसद में तीनों कृषि कानूनों को वापस ले लिया जाएगा तबतक इंतजार करेंगे। संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा है कि अगर संसद में तीनों कृषि कानूनों को वापस लिए जाने का निर्णय होता है तो देश में किसानों के लंबे संघर्ष की यह बड़ी जीत होगी।वहीं, तीनों कृषि कानूनों को वापस लिए जाने की घोषणा के बावजूद भारतीय किसान यूनियन के प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा है कि किसान कानूनों के विरुद्ध चल रहा आंदोलन अभी समाप्त नहीं होगा। ने कहा है कि "आंदोलन तत्काल वापस नहीं होगा, हम उस दिन का इंतजार करेंगे जब कृषि कानूनों को संसद में रद्द किया जाएगा । सरकार MSP के साथ-साथ किसानों के दूसरे मुद्दों पर भी बातचीत करें।"आज गुरुनानक देव जयंती के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घोषणा की है कि केंद्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस ले रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने सभी किसानों से आंदोलन समाप्त कर अपने अपने घरों को लौटने की अपील भी की है। लेकिन इसके बावजूद राकेश टिकैत ने कहा है कि उनका आंदोलन अभी समाप्त नहीं हो रहा है।

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एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कसलमान खान को धमकी भरे खत पर बड़ा खुलासा - 'लॉरेंस बिश्नोई गिरोह ने लिखी थी चिट्ठी'******Highlightsसलामान खान और उनके पिता सलीम खान को धमकी भरे खत के मामले में एक पुष्टी की है। पुलिस अधिकारियों ने गुरुवार को दावा किया कि लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के तीन सदस्यों ने बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान और उनके पिता, लेखक सलीम खान को धमकी भरे खत लिखे थे। उन्होंने बताया कि बिश्नोई गिरोह के कथित सदस्य महाकाल उर्फ सिद्धेश उर्फ सौरभ कांबले ने पूछताछ के दौरान यह खुलासा किया।मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने गुरुवार को पुणे में कांबले से पूछताछ की। इसके अलावा, मूसेवाला की हत्या के संबंध में दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल ने उससे भी पूछताछ की, जबकि पंजाब पुलिस की एक टीम भी इसी मामले में उससे पूछताछ करने के लिए पुणे पहुंची है।महाकाल को इस हफ्ते की शुरुआत में पुणे पुलिस ने गिरफ्तार किया था।उसने कथित तौर पर जांचकर्ताओं को बताया कि लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के तीन सदस्य राजस्थान के जालौर से आए थे और उनमें से एक ने खत को बांद्रा बैंडस्टैंड इलाके में एक बेंच पर रखा, जहां मशहूर स्क्रिप्ट राइटर और सलमान के पिता सलीम खान रविवार को सुबह की सैर के बाद बैठे थे। .पत्र में धमकी दी गई थी कि सलमान खान और उनके पिता जल्द ही मूसेवाला जैसा हाल होगा।मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच की एक टीम ने पुलिस उपायुक्त संग्रामसिंह निशानदार के नेतृत्व में कांबले से पूछताछ की।

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कGuruwar ke Upay: गुरुवार को इन उपायों को करने से आर्थिक स्थिति होगी मजबूत होगी, कार्यों में भी मिलेगी सफलता******16 जून को आषाढ़ कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि और गुरुवार का दिन है। द्वितीया तिथि 16 जून सुबह 9 बजकर 43 मिनट तक रहेगी उसके बाद तृतीया तिथि लग जायेगी। इस दिन रात 8 बजकर 8 मिनट तक ब्रह्म योग रहेगा। अगर आपको कोई शांति पूर्वक कार्य करना हो, तो ब्रह्म योग में करने से आपको शुभ फलों की प्राप्ति होंगी। साथ ही अगर आपका किसी से झगड़ा हुआ हो, तो उसे सुलझाने के लिए भी ब्रह्म योग बहुत ही अच्छा है।ऐसे में इस दिन अलग-अलग शुभ फलों की प्राप्ति के लिए, अपने अन्दर अनेक शक्तियों के संचार के लिए, अपनी किसी विशेष इच्छा की पूर्ति के लिए, अपने अच्छे स्वास्थ्य के लिए और लंबी आयु की प्राप्ति के लिए, साथ ही बिजनेस की तरक्की के लिए, हर प्रकार की मुसीबतों से बाहर निकलने के लिए, अपने कार्यों की सफलता सुनिश्चित करने के लिए, सुख-साधनों की प्राप्ति के लिए आदि के भय से मुक्ति पाने के लिए और पापबोध से छुटकारा पाने के लिए आपको क्या उपाय करने चाहिए जानिए आचार्य इंदु प्रकाश से।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कBihar News: बिहार में बेरोजगारी घटी, नौकरी पाने में एसटी वर्ग के लोग सबसे आगे******Highlightsबिहार में बेरोजगारी में वर्ष 2019-20 के मुकाबले वर्ष 2020-21 में 0.6 फीसदी की कमी दर्ज की गई है। वहीं नौकरी पाने के मामले में एसटी वर्ग के लोग सबसे आगे रहे। यह आंकड़ा राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय की ओर से जारी किया गया है।बेरोजगारी दर 5.3 फीसदी से घटकर 4.7 फीसदी हुईजुलाई 2020 से जून 2021 के बीच पीरियोडिक लेबर फोर्स सर्वे की वार्षिक रिपोर्ट के मुताबिक बिहार में बेरोजगारी दर 5.3 फीसदी से घटकर 4.7 फीसदी हो गई है। वर्ष 2019-20 में बिहार में बेरोजगारी दर 5.3 फीसदी जो 2020-21 में घटकर 4.7 फीसदी हो गई है।27.9 फीसदी लोग काम के लिए उपलब्धहालांकि कोरोना काल के दौरान देश में लाखों लोगों को नौकरियां गंवानी पड़ी थी। करीब 37 फीसदी लोगों को छह महीने से एक साल के बीच घर पर बैठना पड़ा था। आपको बता दें कि बिहार में लेबर फोर्स पार्टिसिपेशन की दर 27.9 प्रतिशत है। लेबर फोर्स पार्टिसिपेशन का मतलब है कि कुल जनसंख्या में से 27.9 फीसदी लोग काम के लिए उपलब्ध हैं।बेरोजगारी के मामले में देश में 19वें नंबर पर बिहारबिहार में बेरोजगारी दर भले ही घटी हुई नजर आ रही है लेकिन पूरे देश के औसत बेरोगजारी की दर से यह अब भी ज्यादा है। बेरोजगारी के मामले में बिहार देशभर में 19वें स्थान पर है। वर्ष 2019-20 में यह 18 वें स्थान पर था। वहीं नेशनल ट्रेंड भी यह बताता है कि ग्रामीण इलाकों से ज्यादा शहरी इलाकों में बेरोजगारी है। वहीं कामकाजी पुरुषों का औसत महज तीन फीसदी बढ़ा है जबकि महिलाओं को 7 फीसदी से ज्यादा बढ़ा है। यदि जाति के आधार पर देखें तो आदिवासी (एसटी) वर्ग के लोग नौकरी पाने में सबसे ज्यादा रहे।

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍क1 से 14 अप्रैल के दौरान देश का निर्यात बढ़कर 13.72 अरब डॉलर रहा, सरकार ने जारी किए आंकड़े******Exports rise to USD 13.72 bn during Apr 1-14देश का निर्यात इस साल एक से 14 अप्रैल के दौरान बढ़कर 13.72 अरब डॉलर पर पहुंच गया। वाणिज्य मंत्रालय के अस्थायी आंकड़ों से यह जानकारी मिली है। मुख्य रूप से इंजीनियरिंग और रत्न एवं आभूषण क्षेत्र के अच्छे प्रदर्शन की वजह से निर्यात बढ़ा है। पिछले साल एक से 14 अप्रैल के दौरान निर्यात का आंकड़ा 3.59 अरब डॉलर रहा था। पिछले साल अप्रैल में कोविड-19 की वजह से लगाए गए लॉकडाउन के चलते 60 प्रतिशत की गिरावट आई थी। आंकड़ों के अनुसार, समीक्षाधीन अवधि में देश का आयात बढ़कर 19.93 अरब डॉलर पर पहुंच गया, जो एक से 14 अप्रैल, 2020 के दौरान 6.54 अरब डॉलर रहा था। मंत्रालय अप्रैल, 2021 के निर्यात के अंतिम आंकड़े मई के मध्य में जारी करेगा। मार्च में निर्यात 60.29 प्रतिशत बढ़कर 34.45 अरब डॉलर रहा था। बीते पूरे वित्त वर्ष 2020-21 में निर्यात 7.26 प्रतिशत घटकर 290.63 अरब डॉलर रहा था।उपभोक्ता प्रौद्योगिकी उत्पाद ब्रांड बोट ने कहा है कि उसे क्वालकॉम इन्कॉरपोरेटेड की निवेश इकाई क्वालकॉम वेंचर्स से वित्तपोषण मिला है। हालांकि, बोट ने इस बात का खुलासा नहीं किया है कि उसके कितना कोष मिला है। कंपनी ने कहा है कि इस निवेश के जरिये वह विभिन्न क्षेत्रों में नए ऑडियो और लाइफस्टाइल उत्पाद पेश कर सकेगी। साथ ही इसके जरिये वह अपनी शोध एवं विकास तथा विनिर्माण क्षमता बढ़ाएगी।बोट के सह-संस्थापक समीर मेहता ने बयान में कहा कि क्वालकॉम वायरलेस प्रौद्योगिकी में दुनिया की अग्रणी कंपनी है। दोनों कपनियां भारत और दुनिया के लिए विश्वस्तरीय उत्पाद पेश करने की साझा सोच रखती हैं।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कMega Plan: 5 साल में 83,000 KM लंबे हाईवे बनाएगी सरकार, कैबिनेट ने की 7 लाख करोड़ रुपए की योजना मंजूर****** देश में इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर सेक्‍टर में खर्च बढ़ाने और अधिक रोजगार के अवसर पैदा करने के अपने प्रयासों के तहत मोदी कैबिनेट ने आज मेगा हाईवे प्‍लान को अपनी मंजूरी दे दी है। इस प्‍लान के तहत अगले पांच सालों में सरकार 6.9 लाख करोड़ रुपए के निवेश के साथ देशभर में 83,000 किलोमीटर हाईवे रोड का निर्माण करेगी। इसमें प्रधानमंत्री मोदी की महत्वकांक्षी भारतमाला योजना भी शामिल है।एक अधिकारी ने बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने अगले पांच साल में भारतमाला परियोजना समेत 80,000 किलोमीटर से अधिक हाईवे के विकास के लिए लगभग सात लाख करोड़ रुपए मूल्य की राजमार्ग परियोजनाओं को मंजूरी दे दी है। भारतमाला सरकार की वृहद योजना है और एनएचडीपी के बाद दूसरी सबसे बड़ी राजमार्ग परियोजना है। इसका मकसद सीमावर्ती और अन्य क्षेत्रों में संपर्क व्यवस्था में सुधार लाना है। अधिकारी ने कहा कि जिन राजमार्ग परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है, उसमें आर्थिक गलियारा विकास शामिल है। इसका मकसद माल ढुलाई में तेजी लाना है।देश की सबसे बड़ी राजमार्ग विकास योजना के हिस्‍से के रूप में सरकार ने 2022 तक 3.5 लाख करोड़ रुपए के निवेश से भारतमाला प्रोजेक्‍ट के पहले चरण के विकास और लगभग 40,000 किलोमीटर सड़कों के विकास का लक्ष्‍य तय किया है। राजमार्ग और सड़कों के विकास के जरिये सरकार की योजना आर्थिक गतिविधियों में तेजी लाना और 2022 तक देशभर में 32 करोड़ मानव-घंटों के रोजगार पैदान करना है।सरकार के खुद के अनुमान के मुताबिक 10,000 किलोमीटर के राजगार्ग के विकास से हर साल चार करोड़ मानव दिवस का रोजगार पैदा हो सकता है। सरकार की योजना चार लेन की सड़कें उपलब्‍ध करवाकर प्रमुख मार्गों पर यातायात परिचालन को तेज करने की भी है।

एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कयुजवेंद्र चहल ने सुनाया IPL का खौफनाक किस्सा, शराब के नशे 15वीं मंजिल से जब उन्हें विदेश खिलाड़ी ने था लटकाया******Highlightsस्टार फिरकी गेंदबाज युजवेंद्र चहल राजस्थान रॉयल्स फ्रेंचाइजी के द्वारा जारी किए गए वीडियो में एक ऐसा किस्सा शेयर किया है जिसे सुनकर सभी हैरान है। इस वीडियो में चहल के साथ रविचंद्रन अश्विन और करुण नायर भी है। वीडियो में चहल मुंबई इंडियंस के एक खिलाड़ी के बारे में बता रहें जिसने उन्हें शराब के नशे में होटल के 15वें मंजिल से नीचे लटका दिया था।इस वीडियो में अश्विन से बात करते हुए चहल ने कहा, ''मैंने इस घटना के बारे में कभी किसी को नहीं बताई है, लेकिन अब लोग इसके बारे में जान लेंगे। यह आईपीएल 2013 की बात है, जब मैं मुंबई इंडियंस का हिस्सा था। हमारा एक मैच बैंगलोर में था। मैच के बाद एक पार्टी थी, तो वहां एक विदेशी खिलाड़ी था, जो शराब के नशे में धुत था, मैं उसका नाम नहीं लूंगा। वह बहुत ज्यादा नशे में था। वह काफी देर से मुझे घूर रहा था, फिर उसने मुझे अपने पास बुलाया।''दरअसल चहल साल 2011 से 2013 तक मुंबई इंडियंस का हिस्सा रहे थे। इस दौरान चहल को फ्रेंचाइजी की तरफ से बहुत अधिक मैचों में खेलने का मौका नहीं मिला था।उन्होंने कहा, ''शराब के नशे में वह विदेशी खिलाड़ी मुझे बाहर ले गया और मुझे 15 वीं मंजिल की बालकनी से मुझे टांग दिया। इस दौरान मेरे दोनों हाथ उसके गले में लिपटे हुए थे। मेरी पकड़ थोड़ी सी भी ढीली पड़ जाती तो मैं 15वीं मंजिल पर था और कुछ भी हो सकता था।''चहल ने कहा, ''वहां काफी सारे लोग थे, जिन्होंने इस वाकये को देख लिया। वो फौरन आए और हालात को किसी तरह संभाल लिया। मैं बेहोश हो गया था, फिर मुझे लोगों ने पानी पिलाया। उस दिन मुझे समझ में आया कि बाहर जाते वक्त हमें कितना जिम्मेदार होना चाहिए। तो यह एक ऐसी घटना थी, जिससे मुझे लगता है कि मेरी जान जाते-जाते बची थी। 15वीं मंजिल पर जरा सी भी चूक होती तो नीचे गिर सकता था।''आपको बता दें कि इंडियन प्रीमियर लीग 2022 में चहल राजस्थान रॉयल्स के लिए खेल रहे हैं। इस सीजन में वे राजस्थान के लिए तीन मैच खेल चुके हैं जिसमें उन्होंने 7 विकेट लिए हैं।एकअप्रैलसेSBIमेंATMलेनदेनभीपड़ेगामहंगा5फ्रीट्रांजैक्‍शनकेबाददेनाहोगा20रुपएकाशुल्‍कExclusive : इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले मोंटी पनेसर की भविष्यवाणी, 5-0 से जीत करेगा भारत******भारत और न्यूजीलैंड के बीच 18 से 22 जून के बीच वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल मुकाबला खेला जाएगा। दोनों टीमों के बीच यह मुकाबला इंग्लैंड के साउथम्पटन में खेला जाना है। इसके बाद भारतीय टीम इंग्लैंड के साथ पांच टेस्ट मैचों की सीरीज खेलेगी। भारत का यह इंग्लैंड दौरा लगभग तीन महीने से अभी अधिक समय का है।हालांकि भारतीय टीम के सभी खिलाड़ी अभी मुंबई में क्वारंटीन है। इसके बाद सभी खिलाड़ी 2 जून इंग्लैंड के लिए उड़ान भरेंगे। दोनों ही टीमों के बीच खेले जाने वाले इस मुकाबले से पहले इंग्लैंड के पूर्व स्पिन गेंदबाज मोंटी पनेसर ने इंडिया टीवी से खास बातचीत की और बताया की भारतीय टीम इस टेस्ट सीरीज में 5-0 से जीत दर्ज करेगी।पनेसर ने कहा, ''भारत की टीम सही समय पर इंग्लैंड का दौरा कर रही है। अगस्त में जब वो इंग्लैंड से टेस्ट सीरीज खेल रही होगी, तो वहां का मौसम गर्म होगा। ऐसे में वो दो स्पिनर खिला सकते हैं।''उन्होंने कहा, ''भारत की मौजूदा टीम में वो बात है कि यह इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 5-0 से क्लीन स्वीप कर सकती है। अगर भारतीय टीम ऐसा करने में कामयाब रहती है तो यह विदेश में उसकी सबसे बड़ी जीत होगी।''आपको बता दें कि पनेसर से पहले इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने भी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए कहा की इस मुकाबले में न्यूजीलैंड की टीम जीत दर्ज कर सकती है।इंग्लैंड दौरे के लिए टीम इंडियाःरोहित शर्मा, शुभमन गिल, मयंक अग्रवाल, चेतेश्वर पुजारा, विराट कोहली (कप्तान), अजिंक्य रहाणे (उप-कप्तान), हनुमा विहारी, वॉशिंगटन सुंदर, रविचंद्रन अश्विन, रविंद्र जडेजा, अक्षर पटेल, ऋषभ पंत, ऋद्धिमान साहा, केएल राहुल, जसप्रीत बुमराह, ईशांत शर्मा, मोहम्मद शमी, मोहम्मद सिराज, शार्दुल ठाकुर, उमेश यादव।

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2022-10-01 06:30
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पश्चिम बंगाल की तृणमूल कांग्रेस सरकार अपना कार्यकाल शायद ही पूरा कर पाए: विजयवर्गीय******भाजपा के महासचिव ने मंगलवार को इशारों में कहा कि की अपना कार्यकाल शायद ही पूरा कर पाए। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से अगले विधानसभा चुनावों से पहले खुद को एक ‘‘वैकल्पिक ताकत’’ के तौर पर तैयार करने का अनुरोध किया। लोकसभा चुनावों के बाद निर्वाचित प्रतिनिधियों और प्रदेश कार्यालय पदाधिकारियों के साथ पहली बैठक को संबोधित करते हुए राज्य के भाजपा प्रभारी विजयवर्गीय ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को ‘‘अहंकारी प्रशासक’’ करार देते हुए उन्हें आड़े हाथ लिया। विजयवर्गीय ने यहां बैठक के इतर संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम नहीं जानते कि तृणमूल कांग्रेस सरकार 2021 तक बंगाल में बनी रहेगी या नहीं।’’उन्होंने कहा, ‘‘हम यह चाहते हैं लेकिन हम निश्चित रूप से नहीं कह सकते कि वह ऐसा कर पाएगी क्योंकि जनता और पार्टी नेता सरकार के कामकाज से नाराज हैं।’’ बंगालकी कुल 42 लोकसभा सीटों में से 18 पर भाजपा को जीत मिली है। तृणमूल कांग्रेस ने 2014 में 34 सीटें जीती थी, लेकिन इस बार उसकी सीटें घटकर 22 रह गई हैं। विजयवर्गीय नेदावा किया कि लगातार दो बार सत्ता में आने के बावजूद तृणमूल कांग्रेस ने बंगाल के लोगों की सेवा का सुनहरा मौका गंवा दिया। उन्होंने कहा कि अहंकार के कारण बंगाल मेंतृणमूल कांग्रेस के बुरे दिन आए हैं। उन्होंने कहा कि यदि ममता बनर्जी की पार्टी विनम्र होती तो उसे ऐसी स्थिति का सामना नहीं करना पड़ता।विजयवर्गीय ने कहा, ‘‘वे सत्ता सुख भोगने में इतने व्यस्त हो गए कि वे लोगों की सेवा करना ही भूल गए। उन्होंने आतंक का राज कायम कर दिया और लोग उनके खिलाफ वोटकरने लगे। अब हमें राज्य में अगले विधानसभा चुनावों की तैयारी करनी चाहिए।’’ ‘जय श्री राम’ के नारों पर ममता बनर्जी के भड़कने की आलोचना करते हुए विजयवर्गीय नेहैरत जताई और सवाल किया कि क्या बंगाल में यह नारा लगाना अपराध है।उन्होंने कहा, ‘‘क्या बंगाल में ‘जय श्री राम’ का नारा लगाना अपराध है? यह अपराध क्यों है, हम चाहेंगे कि ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस के नेता इसे स्पष्ट करें।’’ममता बनर्जी के ‘जय हिंद’ और ‘जय बांग्ला’ नारों का जिक्र करते हुए विजयवर्गीय ने कहा कि उनकी पार्टी को इससे कोई समस्या नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘हमें इन नारों सेकोई दिक्कत नहीं है, क्योंकि ‘जय हिंद’ और ‘वंदे मातरम’ तो हमारे स्वतंत्रता संघर्ष का अभिन्न हिस्सा रहे हैं।’’
2022-10-01 05:49
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मनोज प्रभाकर याद हैं आपको, अब इस टीम को कोचिंग देंगे, जानिए सारी अपडेट******Highlightsटीम इंडिया के ऑलराउंडर रहे मनोज प्रभाकर याद हैं आपको। कभी टीम इंडिया के लिए गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों में ओपन करने वाले मनोज प्रभाकर पिछले लंबे अर्से से गायब से थे। वे कहीं भी नजर नहीं आ रहे थे। काफी समय बाद उनको लेकर एक नया अपडेट आया हैै। अब मनोज प्रभाकर क्रिकेट टीम की कोचिंग की जिम्मेदारी निभाएंगे। हालांकि मनोज प्रभाकर जिस कद के खिलाड़ी थे, उनका क्रिकेट करियर उस तरह से खत्म नहीं हुआ। उन्होंने साल 1996 में मोहम्मद अजहरुद्दीन की कप्तानी में अपना आखिरी मैच श्रीलंका के खिलाफ खेला था। ये मैच ऐसा था, जिसे मनोज प्रभाकर खुद भी कभी याद नहीं रखना चाहेंगे।पूर्व भारतीय ऑलराउंडर मनोज प्रभाकर को नेपाल क्रिकेट टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया गया है। मनोज प्रभाकर श्रीलंका के पूर्व क्रिकेटर पुबुदु दासनायके की जगह लेंगे, जो जुलाई में अपने पद से त्यागपत्र देकर कनाडा क्रिकेट टीम के मुख्य कोच बन गए थे। भारत की तरफ से 1984 से लेकर 1996 तक 39 टेस्ट और 130 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले प्रभाकर इससे पहले दिल्ली, राजस्थान और उत्तर प्रदेश की रणजी टीम के कोच रह चुके हैं। वह 2016 में अफगानिस्तान की राष्ट्रीय टीम के गेंदबाजी कोच भी थे। नेपाल क्रिकेट संघ के बयान के अनुसार मनोज प्रभाकर ने कहा कि नेपाल में क्रिकेट के प्रति रुचि, उनकी प्रतिभा और कौशल स्तर को देखते हुए मैं वास्तव में नेपाल क्रिकेट टीम के साथ काम करने और उसे एक मजबूत टीम बनाने के लिए उत्सुक हूं।मनोज प्रभाकर ने अपना आखिरी जो मैच श्रीलंका के खिलाफ खेला था, उसमें उन्होंने चार ओवर डाले और इसमें 47 रन खर्च कर दिए। श्रीलंका के सलामी बल्लेबाज सनथ जयसूर्या और रोमेश कालूविथरना ने उनकी जमकर पिटाई की। चार ओवर की गेंदबाजी के बाद जब मोहम्मद अजहरुद्दीन ने देखा कि प्रभाकर की पिटाई नहीं रुक नहीं है, तो उन्होंने बाकी मैच में उन्हें ओवर ही नहीं दिए और दूसरे गेंदबाजों से उनके ओवर पूरे कराए। इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए टीम इंडिया ने तीन विकेट पर 271 रन बनाए थे और श्रीलंका के सामने जीत के लिए 272 रनों का लक्ष्य था। खास बात ये भी है कि इस मैच में भारत के सलामी बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर ने शतक लगाया था, वहीं दूसरे सलामी बल्लेबाज मनोज प्रभाकर ने 36 गेंद पर सात ही रन बनाए थे। यानी ना तो उस मैच में मनोज प्रभाकर बल्ले से कुछ कर सके और गेंदबाजी में तो पिटाई हुई थी। किसी को ये उम्मीद नहीं थी कि ये मनोज प्रभाकर का आखिरी मैच होगा, लेकिन ऐसा ही हुआ। देखना होगा कि मनोज प्रभाकर अपनी इस नई भूमिका में कैसा प्रदर्शन करते हैं और नेपाल की टीम को कहां तक लेकर जाते हैं।
2022-10-01 05:26
उद्धरण 3 इमारत
पूर्वोत्तर में अजित डोवल ने तोड़ी उग्रवाद की कमर, म्यांमार ने 22 उग्रवादी भारत को सौंपे******कोरोना वायरस के प्रकोप से उपजे संकट के बीच भारत को उग्रवाद के खिलाफ जंग में बड़ी कामयाबी मिली है। म्यांमार ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवल की निगरानी में हुए गुप्त अभियान के बाद 22 उग्रवादियों को भारत को सौंप दिया है। अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, इन उग्रवादियों में NDFB (S) के स्वयंभू गृह सचिव राजेन डिमरी भी शामिल हैं। ये सभी उग्रवादी पूर्वोत्तर राज्यों में सक्रिय थे और भागकर म्यांमार चले गए थे।अधिकारियों ने बताया कि उग्रवादियों को एक विशेष विमान से भारत लाकर मणिपुर और असम में पुलिस बलों के हवाले कर दिया गया, जहां उन्हें वॉन्टेड घोषित किया गया था। अधिकारियों ने कहा कि 10 उग्रवादी मणिपुर जबकि शेष असम में वॉन्टेड थे। उन्होंने कहा कि इसे म्यांमार की सेना के साथ विचार-विमर्श करने वाले डोbल की अगुवाई में एक 'अभूतपूर्व कूटनीतिक सफलता’ माना जा रहा है, जिसके परिणामस्वरूप भारत के पूर्वी पड़ोसी देश ने पहली बार इस तरह को भारत के हवाले किया है। अधिकारियों ने कहा कि इसे दोनों देशों के बीच कूटनीतिक और सैन्य संबंध में गहराई के संकेत के तौर पर भी देखा जा रहा है।इस पूरे मिशन में NSA की अहम भूमिका रही है। उनके नेतृत्व में भारत और के बीच सैन्य संबंध पहले से अधिक गहरे हुए हैं। इससे पहले भी 2018 में भारतीय सेना ने म्यांमार सेना के सहयोग से पूर्वोत्तर में एक सर्जिकल स्ट्राइक को भी अंजाम दे चुकी है। इसमें बड़ी संख्या में उग्रवादी मारे गए थे। बता दें कि म्यांमार के साथ भारत की 1,600 किलोमीटर की सीमा घने जंगलों से ढकी है। इसके अलावा यहां स्थित नदी-नाले सुरक्षाकर्मियों की गश्त में बाधा बनते है। इसका फायदा यहां के उग्रवादी संगठन उठाते हैं।
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