नई पोस्ट करें

Raksha Bandhan 2022: रक्षाबंधन के दिन बहने इस वक्त पर न बांधें अपने भाई को राखी, वरना हो सकता है अपशगुन

2022-10-01 05:19:48 331

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनकारोना के बाद 10 में से 8 लोग कर रहे हैं ये काम, क्या आप भी इसमें शामिल******Car Showroomकोविड-19 महामारी ने करीब 80 प्रतिशत संभावित ग्राहकों को कार या चारपहिया वाहन खरीदने का फैसला टालने के लिए मजबूर किया जबकि दोपहिया वाहनों (बाइक, स्कूटी आदि) के मामले में यह संख्या 82 फीसदी रही है। परिवहन परिदृश्य के बारे में मोबिलिटी आउटलुक की तरफ से जारी एक सर्वेक्षण रिपोर्ट में यह दावा किया गया है।रिपोर्ट के मुताबिक, इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रति बढ़ते रुझान के बीच करीब 40 प्रतिशत लोग इस साल दोपहिया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने की मंशा रखते हैं लेकिन चारपहिया इलेक्ट्रिक वाहन के मामले में यह हिस्सा पिछले साल की तरह 33 प्रतिशत ही है। करीब 2.56 लाख संभावित ग्राहकों के बीच कराए गए सर्वेक्षण के अनुसार, करीब 80 फीसदी प्रतिभागियों ने महामारी से जुड़े असर की वजह से कार खरीदने की योजना टाल दी।कार की खरीद टालने वाले लोगों की संख्या 82 फीसदी रही है। रिपोर्ट कहती है, ‘‘इस साल वाहन खरीद का फैसला टालने वाले लोगों का अनुपात बढ़ा है। इसका मतलब है कि कोविड-19 के दुष्प्रभावों से उबरने में अभी समय लगेगा।’’ रिपोर्ट के मुताबिक, चारपहिया वाहनों की इच्छा रखने वाले 18 प्रतिशत लोग निजी बचत के जरिये वाहन खरीदना चाहते हैं, जबकि वर्ष 2021 में यह संख्या 14 प्रतिशत थी। इसके अलावा दोपहिया वाहनों के 40 प्रतिशत संभावित खरीदार इलेक्ट्रिक वाहन लेने की सोच रहे हैं। एक साल पहले यह अनुपात 37 प्रतिशत पर था। वहीं चारपहिया वाहन के मामले में यह अनुपात 33 प्रतिशत पर ही टिका हुआ है।रिपोर्ट के मुताबिक, खरीदारों को अब महसूस होने लगा है कि इलेक्ट्रिक वाहन भी परंपरागत वाहनों से मुकाबला कर सकते हैं और उन पर आने वाली लागत भी किफायती साबित होगी। हालांकि, चार्जिंग सुविधाओं को लेकर अभी उनके बीच भरोसा नहीं पैदा हो पाया है।यह रिपोर्ट तैयार करने वाली कारट्रेड टेक के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (उपभोक्ता कारोबार) बनवारी लाल शर्मा ने कहा, ‘‘यह सर्वेक्षण नए वाहनों की खरीद की मंशा को देखते हुए सकारात्मक धारणा की तरफ इशारा करता है लेकिन कई कारक उनके फैसले को प्रभावित करते हैं।’’ सर्वेक्षण से यह भी पता चलता है कि पिछले साल के 14 प्रतिशत की जगह इस साल 20 प्रतिशत लोग पुराने वाहनों की खरीदारी के बारे में सोच रहे हैं।

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनNew Technology: घर बनाने में इस तकनीक का करें इस्तेमाल, कंस्ट्रक्शन लागत हो जाएगी आधी******Highlights कोरोना के बाद घर बनाने की लागत तेजी से बढ़ी है। सीमेंट, छड़, ईंट, बालू समेत पेंट के दाम 50 फीसदी तक बढ़ गए हैं। ऐसे में अगर आप घर बनाने की लागत कम करना चाहते हैं तो आप नई टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर सकते हैं। हम बात कर रहे हैं 3डी होम प्रिंटर टेक्नोलॉजी की। इस तकनीक से भारत समेत दुनियाभर में घरों का निर्माण किया जा रहा है। आईआईटी-मद्रास के स्टार्टअप तवस्ता ने पिछले साल कैंपस में ही 3डी प्रिंटेड घर बनाया था। 600 वर्ग फुट का बिल्ट-अप एरिया वाले घर में एक बेडरूम, एक हॉल और एक किचन है। पूरे घर को सॉफ्टवेयर का उपयोग करके डिजाइन किया गया था और कंक्रीट 3डी प्रिंटिंग तकनीक का उपयोग करके निर्माण किया गया था। आइए जानते हैं कि 3डी होम प्रिंटर कैसे काफी कम समय में घर का निर्माण करता है?3डी होम प्रिंटर एक हाई टेक्‍नोलॉजी से लैस विशालकाय मशीन होती है। इस मशीन का संचालन रोबोट द्वारा किया जाता है। इस मशीन को कम्प्यूटर के जरिए जोड़ना होता है। फिर कम्‍प्‍यूटर पर घर का 3डी डिजाइन बनाना होता है। इसके बाद कम्‍प्‍यूटर से मशीन को कमांड दिया जाता है और यह अलग-अलग हिस्‍सों में घर का निर्माण करता है।प्रिंट करने से पहले मशीन में मैटिरियल्‍स को फीड करना होता है। 3डी होम प्रिंटर का प्रोसेस छोटे छोटे स्लाइस के हजारों टुकड़ों के माध्यम से पूरा किया जाता है। जब मशीन के माध्‍यम से प्रिंट किया जाता है तो ये टुकड़े एक दूसरे से जुड़ते चले जाते हैं। ये टुकड़े एक साथ जुड़कर एक सॉलिड हिस्‍से का रूप ले लेते हैं। इस तकनीक का इस्‍तेमाल कर बड़े से बड़े कंस्ट्रक्शन के काम को बहुत कम समय में पूरा किया जा सकता है।यह मशीन तीन आयामी (3डी) प्रिंट करता है। उदाहरण के तौर पर घर की दीवारों को एक साथ कई परतों में प्रिंट किया जाता है। प्रिंट के समय ही दीवार में पानी की पाइपलाइन और इलेक्ट्रिक वायरिंग का काम पूरा हो जाता है। घर में इस्‍तेमाल होने वाली अलग-अलग दीवारों, छत, विंडो आदि का निर्माण इस मशीन से बारी-बारी से किया जाता है।इस मशीन की सबसे बड़ी खासियत है कि यह घर की निर्माण लागत को कम कर देती है। 3डी प्रिंटर से घर के निर्माण करने में बिल्डिंग मैटिरियल्‍स की लागत में 30 से 50 फीसदी, निर्माण की अवधि में 50 से 70 फीसदी और लेबर कॉस्ट में 50 से 80 फीसदी तक की कमी आ जाती है। अगर देश में घरों की कमी को पूरा करना है तो यह मशीन बहुत ही उपयोगी साबित होगी।3डी होम प्रिंटर से बने घर पूरी तरह से सुरक्षित होते हैं। इसकी वजह होती है कि घर के निर्माण से पहले उसका नक्शा कैड सॉफ्टवेयर के जरिए कंप्यूटर पर डिजाइन किया जाता है। इसलिए बिल्डिंग का स्ट्रक्चर में कोई खामी नहीं होती है। 3डी होम प्रिंटर में मैटिरियल्‍स का स्‍टैंडर्ड भी अच्छी गुणवत्ता का होता है, इसलिए इससे निकले हुए प्रोडक्ट में खामी होने के चांस बहुत ही कम होते हैं। इसलिए घर सुरक्षित और टिकाऊ होता है।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनसेंसेक्स 41 हजार के पार, बाइडेन की बढ़त से बाजार को मिला सहारा******Sensex surpasses 41000 Nifty crosses 12000 markमुंबई। अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव परिणाम में डेमोक्रेट प्रत्याशी जोबाइडेन को मिली बढ़त का असर बुधवार रात अमेरिकी शेयर बाजारों पर दिखा और आज भारतीय शेयर बाजार भी मजबूती के साथ कारोबार कर रहे हैं। गुरुवार सुबह भारतीय बाजार बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स 41 हजार के ऊपर पहुंच गया और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 12050 के ऊपर कारोबार कर रहा है।सेंसेक्स में फिलहाल 550 प्वाइंट से ज्यादा की तेजी देखी जा रही है और इंडेक्स 41170 के करीब कारोबार कर रहा है, सुबह के कारोबार में सेंसेक्स ने 41198 का ऊपरी स्तर छुआ है। निफ्टी की बात करें तो वह फिलहाल 165 प्वाइंट की तेजी के साथ 12075 पर कारोबार कर रहा है, निफ्टी ने शुरुआती कारोबार में 12077 की ऊंचाई को छुआ है।सेंसेक्स और निफ्टी पर आज अधिकतर कंपनियों के शेयरों में बढ़त देखी जा रही है, सेंसेक्स की सभी 30 कंपनियों में मजबूती है जबकि निफ्टी की 50 में से 46 कंपनियों के शेयर मजबूती के साथ कारोबार कर रहे हैं। सेक्टर इंडेक्स की बात करें तो ज्यादातर सेक्टर इंडेक्स में मजबूती है लेकिन बैंक, मीडिया, मेटल और आईटी सेक्टर में ज्यादा बढ़ोतरी देखी जा रही है।फिलहाल सेंसेक्स में सबसे ज्यादा बढ़त स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के शेयरों में है, इसके अलावा टाटा स्टील, एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा, एशियन पेंट्स, नेस्ले, बजाज फाइनेंस, इंपोसिस, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फिनसर्व, मारुति, एक्सिस बैंक तथा महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयरों में ज्यादा तेजी देखी जा रही है।अमेरिकी चुनावों मे डेमोक्रेट प्रत्याशी जोबाइडेन को बढ़त मिली हुई है और ऐसी संभावना है कि उनकी जीत हो सकती है। इसी वजह से बाजार में उत्साह बना हुआ है।

Raksha Bandhan 2022: रक्षाबंधन के दिन बहने इस वक्त पर न बांधें अपने भाई को राखी, वरना हो सकता है अपशगुन

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनDharampal Singh: अब उत्तर प्रदेश में धर्मपाल सिंह की बोलेगी तूती, बीजेपी ने सुनील बंसल की जगह बनाया संगठन महामंत्री******Highlights बीजेपी ने संगठन स्तर पर पार्टी में कई बड़े बदलाव किए हैं। इसी कड़ी में उसने यूपी की कमान अब सुनील बंसल से लेकर धर्मपाल सिंह को दे दी है। हालांकि, सुनील बंसल का कद दम नहीं किया गया है बल्कि और ज्यादा बढ़ा दिया गया है और उन्हें अब राष्ट्रीय महासचिव बना दिया गया है। धर्मपाल सिंह अभी तक झारखंड के संगठन मंत्री थे, हालांकि उन्हें यूपी में काम करने का लंबा अनुभव है।धर्मपाल सिंह को 2024 में होने वाली चुनौती में ज्यादा मुश्किल नहीं होगी। पश्चिमी यूपी के राजनीतिक विश्लेषक का मानना है कि धर्मपाल 2024 में होने वाले लोकसभा चुनाव को आसानी से पार कर लेंगे। क्योंकि उनके पास विद्यार्थी परिषद का अच्छा अनुभव है। वो भी पूरब और पश्चिम दोनों क्षेत्रों का। इन इलाकों में इन्होंने कई छात्रसंघ चुनाव भी लड़ायें हैं। कई आंदोलन भी किये हैं। इसके अलावा कई प्रदेशों का अनुभव इनके पास है। वह मूलरूप से बिजनौर के ही रहने वाले हैं। मैकेनिकल इंजीनियर की पढ़ाई करने के बाद धर्मपाल ने 1986 में आरएसएस की छात्र शाखा अखिल भरतीय विद्यार्थी परिषद से जुड़े।1990 से उन्होंने देहरादून से पूर्णकालिक कार्यकर्ता के रूप में कार्य शुरू किया था। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के संयुक्त क्षेत्रीय संगठन मंत्री रहे। उत्तराखंड, पश्चिम उत्तर प्रदेश, ब्रज और पूर्वी उत्तर प्रदेश के संगठन मंत्री रहे। 2017 के विधानसभा चुनावों में संघ की ओर से बीजेपी के लिए काम किया। जुलाई 2017 में झारखंड में बीजेपी के संगठन महामंत्री की जिम्मेदारी मिली। पहली बार नगर निगमों, जिला परिषदों में बीजेपी को जीत दिलाई। 2020 के बिहार विधानसभा, 2021 के असम विधानसभा और 2022 के उत्तर विधानसभा चुनावों में भी बीजेपी को जीत दिलाने में बड़ी भूमिका निभाई।स्वतंत्र देव सिंह की जगह अब उत्तर प्रदेश उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को नेता विधान परिषद बनाया गया है। हालांकि अभी तक ये बात साफ नहीं हो पाई है कि स्वतंत्र देव सिंह ने इस्तीफा क्यों दिया। स्वतंत्र देव सिंह को मई में विधान परिषद का नेता चुना गया था और उन्होंने यहां पूर्व डिप्टी सीएम दिनेश शर्मा की जगह ली थी। बता दें कि स्वतंत्र देव सिंह योगी सरकार में जल शक्ति मंत्री हैं। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य योगी सरकार में उपमुख्यमंत्री के साथ-साथ कई अहम विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। वहीं इससे पहले जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव के इस्तीफा देने के बाद पूर्व उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा को भी नेता सदन बनाए जाने के कयास लगाए जा रहे थे पर ऐसा नहीं हुआ।यह पहली बार है जब केशव को नेता सदन बनाया गया है। हालांकि वह 2022 के विधानसभा चुनाव में हार गए थे, लेकिन फिर भी उन्हें उपमुख्यमंत्री बनाया गया और अब विधान परिषद में नेता सदन की जिम्मेदारी देकर उनका कद और भी बढ़ाया गया है। हालांकि ख़बरें चल रही थीं कि केशव प्रसाद मौर्य को फिर से भारतीय जनता पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष बनाया जा सकता है, लेकिन इस अहम जिम्मेदारी के बाद अब इस संभावना पर पानी फिर गया है।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनRohit Sharma Poor Form: विराट फॉर्म में लौटे लेकिन कप्तान रोहित का बल्ला हुआ खामोश, आंकड़ों में फिसड्डी हुए 'हिटमैन'******Highlightsटी20 वर्ल्ड कप 2022 के शुरू होने में अब 50 दिन से भी कम का समय बचा है। लेकिन टीम इंडिया की चिंताएं कम होने का नाम नहीं ले रहीं।भारतीय टीम एक तरफ अभी भी प्रयोग करने में व्यस्त है तो वहीं दूसरी तरफ उसके मुख्य खिलाड़ियों की फॉर्म ने भी सिरदर्दी बढ़ा रखी है। टीम इंडिया इस वक्त एशिया कप में अपना खिताब बचाने के लिए खेल रही है और ग्रुप ए के दोनों मुकाबले जीतकर सुपर 4 स्टेज में पहुंच चुकी है। उसने पहले मुकाबले में पाकिस्तान तो दूसरे में हांगकांग को हराया लेकिन दोनों ही मैचों में उसे संघर्ष करना पड़ा। इसका कारण टीम के मुख्य खिलाड़ियों का फॉर्म में न होना भी है।एशिया कप से पहले सभी की निगाहें विराट कोहली के फॉर्म पर अधिक थीं, लेकिन पूर्व कप्तान ने ने दोनों मैचों में महत्वपूर्ण पारियां खेलकर खुद को साबित किया। उन्होंने पहले मैच में टीम के लिए संयुक्त रूप से सर्वाधिक रन बनाए तो दूसरे मैच में अर्धशतकीय पारी भी खेली। लेकिन इस बीच टीम के कप्तान रोहित शर्मा एक बार फिर से बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। रोहित हांगकांग के खिलाफ मैच में 13 गेंदों में 21 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। जबकि इससे पहले पाकिस्तान के खिलाफ मैच में उन्होंने सिर्फ 12 रन ही बनाए थे।टी20 अंतरराष्ट्रीय में चार शतक लगा चुके रोहित का बल्ला जब चलता है तो वह टीम को अकेले दम पर मैच जिताने में सक्षम हैं। लेकिन इन दिनों उनका यह बल्ला खामोश चल रहा है। इस साल 2022 में उनका प्रदर्शन भी निराशाजनक रहा है।आंकड़ों में समझें तो रोहित ने इस साल अभी तक 15 मुकाबले खेले हैं और इसमें उन्होंने 23 की औसत और 135 की स्ट्राइक रेट से 323 रन बनाए हैं। इस दौरान उनके बल्ले से सिर्फ एक अर्धशतक ही आया है। रोहित को अर्धशतक लगाए हुए अब पांच मैच हो चुके हैं। उन्होंने अपना आखिरी अर्धशतक 29 जुलाई को वेस्टइंडीज के खिलाफ लगाया था।बात करें विराट की तो उन्होंने इस साल अभी तक छह मुकाबले खेले हैं और इसमें दो अर्धशतक की मदद से 175 रन बनाए हैं। इसमें 94 रन उन्होंने एशिया कप के दो मैच में ही बनाए हैं। विराट का औसत इस दौरान 35 तो स्ट्राइक रेट 124 की रही है। यहां विराट की फॉर्म पर बात करना थोड़ी जल्दबाजी होगी लेकिन एशिया कप के शुरुआती मुकाबलों में उनके प्रदर्शन को देखकर फैंस को थोड़ी राहत जरूर मिली होगी।भारत को अगर ऑस्ट्रेलिया में होने वाले आगामी टी20 वर्ल्ड कप में जीत हासिल करनी है तो टी20 अंतरराष्ट्रीय में सर्वाधिक रन बनाने वाले भारत के इन दोनों टॉप खिलाड़ियों का फॉर्म में आना बेहद जरूरी है।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुन18 साल से कम उम्र वालों के लिए NPS खाता खोलने के तरीकों पर हो रहा है विचार: PFRDA******पेंशन कोष नियामक PFRDA राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) के तहत नाबालिगों के खाता खोलने की व्यवहार्यता के साथ साथ इस मामले से जुड़े कानूनी पहलुओं पर गौर कर रहा है। PFRDA के अध्यक्ष हेमंत कान्ट्रैक्टर ने यह जानकारी दी है। कान्ट्रैक्टर ने बताया, ‘‘हम नाबालिगों को NPS में लाने की संभावनाओं को देख रहे हैं। कुछ देशों में यह सुविधा है। इसलिए हम इस मुद्दे पर ध्यान दे रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि जहां तक नाबालिगों के ऐसे खातों को खोलने की अनुमति देने का संबंध है, उसको लेकर कुछ कानूनी पेचीदगियां हैं।PFRDA इसे सुलझाने की ओर ध्यान दे रहा है। उन्होंने कहा कि कुछ कानूनी दिक्कतें हैं जैसे कि किसी अनुबंध में अवयस्क के जाने की क्षमता का मसला क्योंकि अल्पवयस्क किसी अनुबंध में नहीं जा सकते हैं। एक और मुद्दा यह है कि क्या वे अनुबंध के तहत अपनी जिम्मेदारियां निभा सकते हैं? इसलिए हम ऐसे मुद्दों को सुलझाने के तौर तरीकों पर गौर कर रहे हैं। इस मुद्दे पर कोई स्पष्टता की समय सीमा के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि आंतरिक स्तर पर विचार विमर्श होगा उसके बाद ही पीएफआरडीए इस मसले पर वित्त मंत्रालय को संपर्क करेगा। कॉन्ट्रैक्टर ने आगे कहा, ‘‘हम इस पर करीब से गौर कर रहे हैं, दो तीन सप्ताह में कुछ ठोस नतीजा सामने आ सकता है।’’PFRDA अपने तहत राष्ट्रीय पेंशन योजना और अटल पेंशन योजना (APY) का संचालन करता है। NPS सरकारी के साथ साथ निजी क्षेत्र के कर्मचारी भी अपना सकते हैं जबकि APY मुख्यत: असंगठित क्षेत्र के कामगारों के लिए है। इस वर्ष 31 अक्तूबर तक इस पेंशन नियामक का ग्राहक आधार 1.81 करोड़ था जबकि मार्च 2017 को समाप्त वित्त वर्ष में ग्राहक आधार 1.54 करोड़ था।

Raksha Bandhan 2022: रक्षाबंधन के दिन बहने इस वक्त पर न बांधें अपने भाई को राखी, वरना हो सकता है अपशगुन

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनMet Gala 2019: दीपिका-प्रियंका के बाद ईशा अंबानी और नताशा पुनावाला का लुक आया सामने, देखें तस्वीरें****** में प्रियंका चोपड़ा और दीपिका पादुकोण के बेहतरीन लुक आने के बाद बॉ़लीवुड अभिनेत्री नताशा पूनावाला और बिजनेसमैन मुकेश अंबानी की बेटी ईशा अंबानी का लुक सामने आया है। दोनों डीवा पिंक कारपेट पर बहुत ही सिंपल लुक में नजर आईं।बिजनेसमैन मुकेश अंबानी की बेटी ईशा अंबानी मेट गाला के लिए डिजाइनर Prabal Gurung की खूबसूरत ड्रेस को चुना। ईशा Prabal Gurung के लेवेंडर गाउन में नजर आईं। इस बार मेट गाला की थीम Camp: Notes on Fashion को ध्यान में रख कर पहना। इशा के इस लुक को हर किसी ने पसंद किया।ईशा के लुक की बात करें तो वह इस लेवेंजर कलर के गाउन के साथ लाइट मेकअप और न्यूड लिपस्टिक के साथ डायमंड ईयररिंग्स पहने हुए नजर आईं।वहीं नताशा पूनावाला की बात करें तो वह भी मेट गाला में बहुत ही सिंपल लुक में नजर आईं।नताशा ने Peter Dundas का डिजाइनर किया हुआ क्रिस्टल लगा हउआ खूबसूरत सा गाउन पहना।नताशा ने इस लुक के साथ सिपंल मेकअप और बेहतरीन हेयरस्टाइल के साथ मांगटीका लगाए हुए नजर आईं। इस लुक में नताशा काफी खूबसूरत दिख रही थी।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुन'3 मुफ्त गैस सिलेंडर, किफायती आवास देने का वादा', गोवा BJP का घोषणापत्र जारी******Highlightsसत्तारूढ़ भाजपा गोवा में 14 फरवरी के विधानसभा चुनावों के लिए भाजपा ने अपने घोषणापत्र में घरेलू उपभोक्ताओं को तीन मुफ्त गैस सिलेंडर का वादा किया है, राज्य सरकार द्वारा अगले पांच वर्षों के लिए पेट्रोल और डीजल पर मूल्य वर्धित कर में कोई वृद्धि नहीं करेगी, साथ ही किफायती आवास भी दिया जाएगा। केंद्रीय सड़क परिवहन और आवास मंत्री नितिन गडकरी द्वारा मंगलवार को जारी अपने घोषणापत्र में, भाजपा ने गोवा को एक अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल गंतव्य बनाने का भी वादा किया है, साथ ही राज्य की अर्थव्यवस्था को 50 बिलियन डॉलर के बिजलीघर में बदलने का भी आश्वासन दिया है।मुख्यमंत्री ने पणजी में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "हम अपने घोषणापत्र के लिए प्रतिबद्ध हैं। हमने पिछले घोषणापत्र का 80 प्रतिशत पूरा कर लिया है और हमने रिपोर्ट कार्ड जारी कर दिया है। मैं ऐसा इसलिए कह रहा हूं क्योंकि बहुत सारे राजनीतिक दल हैं जो गोवा आए हैं और अपना घोषणापत्र लेकर आ रहे हैं। हमारी डबल इंजन सरकार इस घोषणापत्र को साकार करने के लिए प्रतिबद्ध है।"बता दें कि सत्तारूढ़ भाजपा पहली बार तटीय राज्य की सभी 40 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ रही है।(इनपुट- एजेंसी)

Raksha Bandhan 2022: रक्षाबंधन के दिन बहने इस वक्त पर न बांधें अपने भाई को राखी, वरना हो सकता है अपशगुन

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनSurya Grahan 2021: समाप्त हुआ साल का आखिरी सूर्य ग्रहण******Highlightsआज 04 दिसंबर को साल का आखिरी सूर्य ग्रहण समाप्त हो चुका है।इस बार सूर्य आंशिक रूप से इस ग्रहण से प्रभावित रहा। इस स्थिति को 'खण्डग्रास ग्रहण' कहते हैं। सूर्य ग्रहण - 04 दिसंबर यानी शनिवार सुबह 10 बजकर 49 मिनट से दोपहर 3 बजकर 7 मिनट तक रहा।

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनहरियाणा विधानसभा चुनाव 2019: इंडियन नेशनल लोक दल ने जारी की दूसरी सूची, इन 17 को बनाया उम्‍मीदवार****** में पर्चा दाखिल करने का आज आखिरी दिन है। इससे पहले इंडियन नेशनल लोकदल के प्रत्‍याशियों की दूसरी सूची जारी कर दी है। इस लिस्‍ट में 17 प्रत्‍याशियों के नाम की घोषण की है। इससे पहले 2 अक्‍टूबर को पार्टी ने 64 उम्‍मीदवारों की लिस्‍ट जारी थी। इस प्रकार 90 सीटों की विधानसभा के लिए पार्टी की ओर से 81 नाम सामने आ चुके हैं।इंडियन नेशनल लोकदल ने प्रेसनोट जारी करते हुए उम्‍मीदवारों के नाम की घोषणा की है। इसके तहत रोहतक से पूर्व एमएलए बलवंत मायना के पौत्र पुनीत मायना को टिकट दिया गया है। बल्‍लभगढ़ से रोहतास जाखड़, कालका से सतिंदर टोनी और भिवानी से अनिल कठपलिया को टिकट दिया गया है।इनेलो की पहली लिस्ट में 64 उम्मीदवारों के नाम शामिल थे। इसमें सबसे अहम नाम ऐलनाबाद से अभय चौटाला का था। ओमप्रकाश चौटाला की अध्यक्षता में मीटिंग में प्रत्याशियों के नाम पर मंथन किया गया उसके बाद ये लिस्ट जारी की गई है। पार्टी की ओर से कहा जा रहा है कि समाज के सभी वर्गों को इसमें प्रतिनिधत्व देने की कोशिश की गई है।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनभारत का विदेशी मुद्रा भंडार हुआ 371 अरब डॉलर के पार, चीन का मुद्रा भंडार घटकर पांच साल के निम्‍न स्‍तर पर****** भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 30 सितंबर को समाप्‍त सप्‍ताह के दौरान बढ़कर 371.99 अरब डॉलर रहा है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा शुक्रवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, 30 सितंबर तक यह भंडार 371.99 अरब डॉलर रहा, जबकि 23 सितंबर तक यह 370.76 अरब डॉलर था।विदेशी मुद्रा परिसंपत्तियां 30 सितंबर तक 346.71 अरब डॉलर, सोना 21.40 अरब डॉलर, स्पेशल ड्राइंग राइट्स 1.48 अरब डॉलर और अंतरराष्‍ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) में भंडारण 2.38 अरब डॉलर रहा। देश में 23 सितंबर तक के विदेशी मुद्रा भंडार में 345.24 अरब डॉलर की विदेशी मुद्रा परिसंपत्तियां, 21.64 अरब डॉलर का सोना, 1.49 अरब डॉलर का स्पेशल ड्राइंग राइट्स और आईएमएफ में भंडारण 2.39 अरब डॉलर था।चीन का विदेशी मुद्रा भंडार लगातार तीसरे महीने सितंबर में बाजार के अनुमानों से ज्‍यादा घटा है। यह दुनिया की दूसरे सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था में से धन तेजी से बाहर निकलने का संकेत है। केंद्रीय बैंक के आंकड़ों के मुताबिक विदेशी मुद्रा भंडार अगस्‍त के 3.185 लाख करोड़ डॉलर से घटकर सितंबर में 3.166 लाख करोड़ डॉलर रह गया।चीन का विदेशी मुद्रा भंडार दुनिया का सबसे बड़ा भंडार है। पिछले साल इसमें रिकॉर्ड 513 अरब डॉलर की कमी आई थी, जब बीजिंग ने युआन को डिवैल्‍यूड कर दिया था।

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनICC ODI Rankings: विराट कोहली नंबर 2 पर बरकरार, क्विंटन डी कॉक ने टॉप 5 में बनाई जगह******Highlightsभारत के दिग्गज विराट कोहली हाल ही में समाप्त हुई साउथ अफ्रीका सीरीज में अपने अच्छे प्रदर्शन के दम पर ICC की ताजा वनडे रैंकिंग में अपना दूसरा स्थान बरकरार रखने में सफल रहे। साउथ अफ्रीका के खिलाफ वनडे सीरीज में कोहली ने तीन मैचों में दो अर्धशतक समेत 116 रन बनाए। रोहित शर्मा साउथ अफ्रीका के खिलाफ वनडे सीरीज में न खेलने के बावजूद अपना तीसरा स्थान बनाए रखने में कामयाब रहे हैं। रोहित फिलहाल एनसीए में चोट से उबर रहे हैं।ICC की ताजा वनडे रैंकिंग के मुताबिक, कोहली के 836 रेटिंग अंक हैं, जबकि रोहित के 801 हैं। पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम 873 अंकों के साथ वनडे बल्लेबाजी रैंकिंग में टॉप पर बरकरार हैं।साउथ अफ्रीका के रासी वान दर दुसें 10 स्थान की छलांग लगाते हुए बल्लेबाजों की वनडे रैंकिंग में टॉप-10 में शामिल हो गए हैं। वहीं, क्विंटन डी कॉक 4 स्थान के फायदे के साथ 5वें पायदान पर पहुंच गए हैं। डी कॉक और वान दर दुसें क्रमशः 229 और 218 रनों के साथ भारत के खिलाफ वनडे सीरीज में टॉप रन स्कोरर रहे थे। इस सीरीज में दोनों ही खिलाड़ियों ने शतक बनाया था।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनSeptember Bank Holidays: सितंबर महीने में रहेंगी छुट्टियां भरपूर, ये रही बैंक हॉलिडे की पूरी लिस्ट******का महीना आ गया है। आपको हमेशा की तरह इस महीने भी से जुड़े कई जरूरी काम होंगे। छुट्टियों वाले दिन उसे निपटाने की आपकी प्लानिंग भी होगी। ऐसे में आपको जान लेना चाहिए कि आपका और कहीं मैच तो नहीं कर रहा है। अगर एक ही दिन छुट्टी पड़ जाती है तो आपको परेशानी उठानी पड़ सकती है।सितंबर महीने में बैंक 13 दिनों तक बंद रहेंगे। उन दिनों आप अपने काम ऑनलाइन कर सकेंगे। क्योंकि ऑनलाइन बैंकिग सर्विस हॉलिडे वाले दिन भी उपलब्ध होती है। विभिन्न राज्यों के बैंको में छुट्टियां अलग-अलग होती हैं। अगर कोई त्योहार उस राज्य में नहीं मनाया जाता है तो फिर उस दिन बैंक खुले रहते हैं।नोट- Mera Chaoren Houba of Lainingthou Sanamahi के अवसर पर 26 सितंबर को Jaipur और इंफाल के बैंकों में रहेगी छुट्टी।आज के समय में बैंकों की अधिकतर सेवाएं डिजिटल हो गई हैं। निजी बैंक डिजिटल प्रक्रिया को अपनाने में हमेशा से एक कदम आगे रहे हैं, लेकिन अब स्टेट बैंक जैसे सभी सरकारी बैंक भी इस मामले में पीछे नहीं हैं। एसबीआई तेजी से अपनी सभी सेवाएं डिजिटल बना रहा है। एसबीआई ने भी खास इंस्टा सेविंग अकाउंट पेश किया है। इससे भारतीय स्‍टेट बैंक (SBI) में खाता खोलना बेहद आसान हो गया है। खास बात है कि इंस्टा अकाउंट खोलने के लिए न किसी कागजी कार्यवाही की जरूरत है और न ही बैंक की ब्रांच जाने की। आप घर बैठे ही SBI में इंस्टा सेविंग बैंक अकाउंट (Insta Saving Bank Account) खोल सकते हैं।

रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनRajat Sharma’s Blog: एकनाथ शिंदे को मुख्यमंत्री बनाना बीजेपी का मास्टरस्ट्रोक******महाराष्ट्र में नौ दिनों तक चले सियासी घमासान के अन्त में बीजेपी के दो झटकों ने सबको हैरान करके रख दिया। किसी ने ख्वाब में भी नहीं सोचा होगा कि सूबे के सियासी ड्रामे का क्लाइमैक्स कुछ ऐसा होगा। पहला झटका: बीजेपी ने शिवसैनिक एकनाथ शिंदे को मुख्यमंत्री बना दिया। अब महाराष्ट्र में शिंदे की सरकार होगी और उसे बीजेपी के विधायकों का सपोर्ट होगा।झटका नंबर 2: पार्टी के निर्देश पर देवेंद्र फडणवीस ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। गुरुवार शाम 4:30 बजे तक महाराष्ट्र में हुए इस उलटफेर की भनक किसी को नहीं थी। फडणवीस ने जब प्रेस कॉन्फ्रेंस शुरू की तो कयास इस बात के लगाए जा रहे थे कि वह गुरुवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे या शुक्रवार को।जब देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि एकनाथ शिंदे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे तो पहली बार में वहां मौजूद पत्रकारों को यकीन ही नहीं हुआ। ज्यादातर लोग इस बात पर हैरान थे कि शिवसेना के 40 और 10 निर्दलीय विधायकों के नेता एकनाथ शिंदे मुख्यमंत्री बनेंगे और 120 विधायकों के समर्थन वाली बीजेपी उनकी सरकार को सपोर्ट करेगी।कई लोगये सवाल पूछ सकते हैं कि जब बीजेपी को एक शिवसैनिक को ही मुख्यमंत्री बनाना था, तो उसने 2019 में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद ऐसा क्यों नहीं किया? बीजेपी अगर ऐसा करती तो शिवसेना के साथ उसका गठबंधन बरकरार रहता। लेकिन मुझे लगता है कि बीजेपी ने ढाई साल सरकार चलाने के लिए एक शिवसैनिक को मुख्यमंत्री बनाने का फैसला नहीं किया है। यह फैसला अगले 25 साल की लम्बी रणनीति का हिस्सा हो सकता है।एकनाथ शिंदे पुराने शिवसैनिक हैं, और वह शिवसेना के संस्थापक बालासाहेब ठाकरे के करीबी रहे हैं। शिंदे हिंदुत्व के नाम पर सत्ता में आए हैं। चूंकि नई सरकार का नेतृत्व एक शिवसैनिक के हाथों में है, इसलिए इस एक फैसले ने उद्धव ठाकरे, उनके बेटे आदित्य ठाकरे, संजय राउत और अरविंद सावंत के मुंह पर ताला लगा दिया है। अब उनके पास कहने के लिए कुछ भी नहीं है।उद्धव ठाकरे कहा करते थे कि अगर बीजेपी ने किसी शिवसैनिक को मुख्यमंत्री बनाया होता तो वह बीजेपी के साथ ही रहते। बालासाहेब ठाकरे का सपना था कि एक शिवसैनिक के नेतृत्व में शिवसेना की सरकार बने। अब जबकि बीजेपी ने एक शिवसैनिक को मुख्यमंत्री बना दिया है और बालासाहेब के सपनों को पूरा कर दिया है, उसके विरोधियों के पास कहने के लिए कुछ बचा ही नहीं। अपने पोते को गोद में लेकर शपथ ग्रहण समारोह में आए एकनाथ शिंदे ने बालासाहेब ठाकरे के नाम से शपथ ली।एकनाथ शिंदे को मुख्यमंत्री बनता देख उद्धव ठाकरे के पास अब बीजेपी के खिलाफ बोलने के लिए कोई डायलॉग नहीं बचा। उद्धव ने अपने शिवसैनिकों का समर्थन भी खो दिया है, अब उनके पास शिवसेना सिर्फ नाम के लिए बची है। शिंदे के मुख्यमंत्री बनने के साथ ही सबसे बड़ी हार उद्धव की हुई है, जबकि देवेंद्र फडणवीस सबसे बड़े गेम चेंजर के रूप में उभरे हैं। बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) की अहम चुनावी लड़ाई से पहले एकनाथ शिंदे का मुख्यमंत्री के रूप में पदभार ग्रहण करना शिवसेना के मनोबल के लिए एक तगड़ा झटका है।इस पूरे खेल के हीरो रहे, देवेंद्र फडणवीस। यह बात खुद एकनाथ शिंदे ने जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही। शिंदे ने कहा, ‘बीजेपी के पास 120 विधायकों का समर्थन होने के बावजूद बालासाहब के एक शिवसैनिक को मुख्यमंत्री का पद देना देवेंद्र फडणवीस के बड़े दिल को दिखाता है।’प्रेस कॉन्फ्रेंस में फडणवीस ने कहा था कि वह सरकार से बाहर रहेंगे। लेकिन इसके तुरंत बाद बीजेपी अध्यक्ष जे. पी. नड्डा ने फडणवीस से डिप्टी सीएम के रूप में कार्यभार संभालने की अपील की, और वह मान गए। शपथ लेने के बाद शिंदे और फडणवीस कार्यभार संभालने के लिए मंत्रालय गए। रविवार और सोमवार को होने वाले विधानसभा सत्र में सदन के पटल पर बहुमत साबित करने के बाद नई कैबिनेट का गठन होगा।इस बात में कोई शक नहीं कि शिंदे का मुख्यमंत्री बनना देवेंद्र फडणवीस के लिए एक सेटबैक है। उन्हें इस बात की कतई उम्मीद नहीं रही होगी कि पार्टी उन्हें पहले शिंदे को मुख्यमंत्री बनाने को कहेगी और फिर उनसे उपमुख्यमंत्री बनने को कहेगी। देवेंद्र फडणवीस पार्टी के अनुशासित कार्यकर्ता हैं और उन्होंने इस फैसले को स्वीकार किया। इसके लिए उनकी तारीफ करनी चाहिए। लेकिन यह फैसला देवेंद्र फडणवीस के लिए कितना मुश्किल रहा होगा, इसे समझने के लिए उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि के बारे में जानना जरूरी है। पांच साल मुख्यमंत्री रहे और उनके काम की हर जगह तारीफ हुई। 2019 का विधानसभा चुनाव बीजेपी-शिवसेना के गठबंधन ने फडणवीस को मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाकर लड़ा था। उद्धव ठाकरे जब ढाई साल तक मुख्यमंत्री रहे तो बीजेपी यही कहती थी कि शिवसेना के साथ मिलकर चुनाव फडणवीस को सीएम बनाने के लिए लड़ा गया था। फडणवीस ने भी विधानसभा में एक शेर कहा था, ‘पानी उतरता देख किनारे पर घर मत बना लेना, मैं समंदर हूं, लौट कर आऊंगा।’पिछले दिनों पहले राज्यसभा और फिर विधान परिषद के चुनावों में बीजेपी की आश्चर्यजनक जीत और महा विकास आघाडी की करारी हार सुनिश्चित करा कर फडणवीस ने ये साबित कर दिया कि वह महाराष्ट्र की राजनीति के बड़े खिलाड़ी हैं। एकनाथ शिंदे कई साल से उनके करीबी हैं, और उनके साथ मिलकर उद्धव ठाकरे की सरकार उखाड़ने का जो ऑपरेशन हुआ उसमें फडणवीस की अहम भूमिका थी। इस लड़ाई में फडणवीस ने शरद पवार जैसे चतुर, चालाक और अनुभवी राजनेता को मात दी। भी हैरान थे कि आखिरकार बीजेपी ने उन्हें मुख्यमंत्री क्यों बना दिया? शिंदे ने पांच साल तक फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में काम किया, लेकिन अब यह उल्टा हो गया है। फडणवीस को शिंदे के अधीन काम करना होगा, लेकिन बीजेपी को आने वाले वक्त में इसका राजनीतिक लाभ मिल सकता है। फडणवीस भविष्य में समंदर की तरह लौटकर आएंगे।रक्षाबंधनकेदिनबहनेइसवक्तपरनबांधेंअपनेभाईकोराखीवरनाहोसकताहैअपशगुनPradosh Vrat 2022: प्रदोष व्रत में शिवजी करते हैं हर इच्छा पूरी, जानिए रवि प्रदोष व्रत का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि******Highlightsप्रत्येक महीने की त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत होता है। प्रदोष व्रत एक महीने में दो बार करने का विधान है- पहला कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को और दूसरा शुक्ल पक्ष की त्रयोदाशी को। हर प्रदोष में भगवान शंकर की पूजा की जाती है।इस बार रवि प्रदोष 12 जून को किया जाएगा।आचार्य इंदु प्रकाश के अनुसार रात्रि के प्रथम प्रहर को यानि सूर्यास्त के बाद के समय को प्रदोष काल कहा जाता है। कहते हैं इस दिन जो व्यक्ति भगवान शंकर की पूजा करता है और किसी भेंट के साथ शिव प्रतिमा के दर्शन करता है,वह सभी पापकर्मों से मुक्त होकर पुण्य को प्राप्त करता है और उसे उत्तम लोक की प्राप्ति होती है। इस दिन रात के पहले प्रहर में शिवजी को कुछ न कुछ भेंट अवश्य करना चाहिए।प्रदोष व्रत की पूजा त्रयोदशी तिथि में प्रदोष काल के समय की जाती है। इसके आलावा जिस दिन प्रदोष होता है उस दिन के हिसाब से प्रदोष व्रत का नाम रखा जाता है | इस बार रविवार को पड़ने वाले प्रदोष को रवि प्रदोष के नाम से जाना जाता है।रवि प्रदोष शाम 07:19 बजे से रात 09:20 बजे तक पूजा का शुभ मुहूर्त है। इस रात रवि योग 11:58 बजे से अगली सुबह 05:23 तक है।

नवीनतम उत्तर (2)
2022-10-01 05:33
उद्धरण 1 इमारत
PolicyBazaar ने आईपीओ के लिये आवेदन किया, 6 हजार करोड़ रुपये जुटाने की योजना******पॉलिसीबाजार का आईपीओ के लिये आवेदननई दिल्ली। ऑनलाइन इंश्योरेंस प्लेटफार्म पॉलिसीबाजार जल्द ही शेयर बाजार में लिस्ट होगा। पॉलिसी बाजार कीपेरेंट कंपनी पीबी फिनटेक लिमिटेड आईपीओ के लिये सेबी के पास आवेदन दाखिल कर दिया है। डीआरएचपी के मुताबिक कंपनी बाजार के जरिये 6017 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है।आवेदन के दिये दिये गये दस्तावेजों के मुताबिक आईपीओ में 3750 करोड़ रुपये मूल्य के नये शेयर जारी होंगे, वहीं मौजूदा शेयर होल्डर और प्रमोटर्स के द्वारा 2267 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल लाया जायेगा। ओएफएस में 1875 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर एसवीएफ पॉयथन 2 के द्वारा रखे जायेंगे। वहीं 392.5 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर अन्य शेयरधारकों के द्वारा रखे जायेंगे। पीबी फिनटेक के पास पैसा बाजार डॉट कॉम भी है। पैसा बाजार डॉट कॉम एक ऑनलाइन कंपेरिसन पोर्टल है। कोटक महिंद्रा कैपिटल, मोर्गेन स्टेनल, सिटी ग्रुप ग्लोबल मार्केट्स, आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज, एचडीएफसी बैंक, आईआईएफएल सिक्योरिटीज इश्यू के लीड मैनेजर हैं। कंपनी बाजार के जरिये जुटाई गयी रकम का इस्तेमाल विस्तार के लिये करेगी। इस आईपीओ के साथ पॉलिसी बाजार की वैल्यूएशन 550 से 600 करोड़ डॉलर हो जायेगा ।मौजूदा वित्त वर्ष आईपीओ के लिहाज से काफी बेहतर जा रहा है इसी वजह से कई नई कंपनियां भी बाजार से रकम जुटाने के लिये उतर रही हैं। चालू वित्त वर्ष के पहले चार माह में 12 कंपनियों ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के जरिये 27,000 करोड़ रुपये जुटाए हैं। शेष बचे साल के लिए आईपीओ की पाइपलाइन काफी मजबूत है। इसके अलावा चार अन्य कंपनियां देवयानी इंटरनेशनल, विंडलास बायोटेक, कृष्णा डायग्नॉस्टिक्स तथा एक्सारो टाइल्स के आईपीओ चार अगस्त को खुलने जा रहे हैं। सैंक्टम वेल्थ मैनेजमेंट के इक्विटी प्रमुख हेमांग कपासी ने कहा कि शेष साल में करीब 40 आईपीओ आ सकते हैं। इनसे 70,000 करोड़ रुपये जुटने की उम्मीद है। साथ ही बड़ी संख्या में खुदरा निवेशकों से जुड़े ब्रांड शेयर बाजारों में सूचीबद्ध होंगे।यह भी पढ़ें: यह भी पढ़ें:
2022-10-01 03:40
उद्धरण 2 इमारत
जर्मन फुटबॉल लीग 30 अप्रैल तक के लिए स्थगित******| जर्मन फुटबाल लीग बंदुेसलीगा को कोरोनावायरस महामारी के कारण 30 अप्रैल तक के लिए स्थगित किया जाएगा। जर्मन फुटबाल लीग (डीएफएल) ने एक बयान में कहा, "कार्यकारी समिति सभी तरह की परिस्थितियों से अवगत है। ऐसे में कार्यकारी समिति बुंदेसलीगा और बुंदेसलीगा2 को कम से कम 30 अप्रैल तक के लिए स्थगित करने का अपना सुझाव देगी।"इससे पहले, 16 मार्च को बुंदेसलीगा लीग को दो अप्रैल तक लिए स्थगित करने का फैसला किया गया था। लेकिन कोरोनावायरस के खतरों को देखते हुए इसे 30 अप्रैल तक के लिए बढ़ाने का सुझाव दिया गया है।कोरोनावायरस के कारण पूरी दुनिया में अब तक 18000 लोगों की मौत हो चुकी है। सभी तरह की खेल गतिविधियां पूरी तरह से रुक गई हैं। कोरोना के कारण टोक्यो ओलम्पिक-2020 को भी एक साल तक के लिए स्थगित किया जा चुका है।
2022-10-01 02:53
उद्धरण 3 इमारत
Lucknow Hotel Fire: लखनऊ के लेवाना होटल का नक्शा नहीं था पास, प्रशासन करेगा ध्वस्तीकरण की कार्रवाई******Highlights उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज इलाके में चार मंजिला एक होटल में सोमवार सुबह आग लग गई। आग की इस घटना में दो महिलाओं समेत चार लोगों की मौत हो गयी, जबकि कम से कम दस लोग घायल हो गए। पुलिस ने जानकारी दी कि आग लगाने की यह घटना हजरतगंज के मदन मोहन मालवीय मार्ग पर स्थित लेवाना सूट होटल में हुई। अधिकारियों ने कहा कि बचाव दल यह देखने के लिये होटल परिसर की तलाशी ले रहे हैं कि कहीं कोई और फंसा न हो। लेकिन इस बीच ये भी जानकारी सामने आई है कि होटल के मालिक अभी तक प्रशासन को पास किया हुआ नक्शा नहीं दे पाए हैं।सूचना निदेशक शिशिर ने बताया कि मुख्‍यमंत्री ने मंडलायुक्त रोशन जैकब और पुलिस आयुक्‍त एसबी शिरोडकर को आग लगने की घटना की जांच का जिम्मा सौंपा है। लेकिन इस बीच ये भी सामने आया है कि होटल के मालिक अभी तक प्रशासन को पास किया हुआ नक्शा नहीं दे पाए। बताया जा रहा है कि लखनऊ में हजरतगंज के मदन मोहन मालवीय मार्ग पर स्थित लेवाना सूट होटल का नक्शा पास नहीं था। लिहाजा प्रशासनअब सीलिंग के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करेगा। इस प्रकरण में होटल के 2 मालिक राहुल और रोहित अग्रवाल को पूछताछ के लिये हिरासत में लिया गया है और इस अग्निकांड में FIR दर्ज की जा रही है।घटना की जानकारी मिलने पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अस्पताल पहुंचे और उन्होंने घायलों की हालत के बारे में जानकारी ली और अधिकारियों को घायलों का बेहतर इलाज करने के निर्देश दिए। सीएम योगी ने घायलों को मुफ्त और बेहतर इलाज उपलब्ध कराने का भी निर्देश अधिकारियों को दिया। लखनऊ के पुलिस आयुक्त एसबी शिरोडकर ने बताया कि होटल की इमारत का फोरेंसिक ऑडिट किया जाएगा।प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि सुबह करीब सात बजे आग लगी जिससे इलाके में दहशत फैल गई। उन्होंने बताया कि आग की लपटों और धुएं से पूरा होटल घिरा दिखा। होटल से फंसे लोगों को निकालने का प्रयास शुरू होते ही भीड़ जमा हो गई। दमकलकर्मियों को आग पर काबू पाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। उन्होंने आग बुझाने में मदद के लिए पहली मंजिल पर एक दीवार को तोड़ने के लिए बुलडोजर का भी इस्तेमाल किया। एनडीआरएफ (राष्ट्रीय आपदा मोचन बल) और एसडीआरएफ (राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल) की टीम को भी बचाव अभियान में लगाया गया था।
वापसी